टोला गांव में भालू ने फिर एक मकान को ध्वस्त करने का किया काम
देवप्रयाग। विधानसभा सभा क्षेत्र के दुर्गम गांव टोला में वन विभाग की व्यवस्थाओं को धता बताते हुए भालू ने फिर बीती रात को एक मकान को ध्वस्त कर दिया। चार कर्मचारियों की गश्त, सायरन और फाक्स लाइट के बावजूद भालू गांव में धमक पड़ा। ऐसे में ग्रामीणों में दहशत बढ़ती जा रही है। लोग रहने के सुरक्षित ठिकाने ढूंढ़ने लगे हैं। दूसरी ओर, रेंजर ने अब इस घटना पर रोक की कार्रवाई के लिए स्वयं देखरेख का जिम्मा लेने की बात कही है।
कीर्तिनगर विकासखंड की डागर पट्टी के अंतिम गांव टोला में विगत चार दिनों से भालू धमाचौकड़ी मचा रहा है। वह मध्यरात्रि में आकर पठाल के घरों को ध्वस्त कर रहा है और सब्जियों को भी क्षति पहुंचा रहा है। उसने तीन दिन में तीन घरों को बुरी तरह क्षतिग्रस्त करने और एक घर को थोड़ा नुकसान पहुंचाया है। इस घटना की सूचना पर वन विभाग के चार कर्मचारियों के दल ने प्रभावित घर में डेरा डाल दिया था। एक घर की छत पर फाक्स लाइट और भालू के संभावित मार्ग पर सायरन वाला साइलेंसर भी स्थापित कर दिया था। घर के आगे आग भी जला दी गई थी। बताया गया है कि कर्मचारी रात को दूसरे घरों में गश्त पर गए तो भालू ने उसी समय सुरेंद्र सिंह के उस घर पर धावा बोल दिया, जिसमें उसने पहले कम नुकसान किया था।